
भगवानपुर वार्ड नंबर 6 से जहाँ लोगो ने सभासद बनकर उस आवाम को ठगा जिसने जीत दिलाकर उनके सर पर ताज बांधा मगर उसी के बीच मे एक समाज सेवी के रूप मे ऐसी सख्सियत भी थी जिन्होंने नालिया और गली चौराहो पर आराम करने के लिये बैच डलवाई जिनपर आज भी सफीक ठेकेदार नाम सुनहरे अक्षरों मे लिखा है और वही दूसरे जिनके सर पर लोगो ने जीत का सेहरा बांधा उसने जो किया वह सब के सामने है
आप को बतादे की समाजसेवी सफीक ठेकेदार अपनी बेटी रहमानी जोकि ग्रेजुएशन की पढ़ाई कर रही है उसे चुनावी मैदान मे उतार रहे जिसकी छवि साफ है और जो उस बेटी ने कार्य किया वो काबिले तारीफ है नये साल मे जैसे ही सर्दी ने दस्तक दी ऐसे ही गरीब परिवारों मे जाके वो कार्य किया जो बताने लायक नहीं है और जो बड़े बड़े सभासद या नेता नहीं कर पाये
अब सवाल उन आवाम से है जो बेटी को आर्शीवाद देकर आगे बढ़ाने का कार्य करेंगे या फिर उन्हें वोट देंगे जो पहले ही जनता को धोखा दे चुके है सोचना आप सभी सम्मानित आवाम को है
चुनो उसे जो जनता के लिये करे कार्य
सफीक ठेकेदार को कोन नहीं जानता भगवानपुर का बच्चा बच्चा आज सफीक ठेकेदार को जानता है सफीक ठेकेदार को ह्रदय सम्राट कहना गलत नहीं होगा अगर बिना लालच कोई इतना कार्य कर सकता है तो सोचो अगर सम्मानित आवाम उन्हें राजनीती मे मौका देगी तो कितना कार्य होगा ये सब समझना होगा
